हमारी चौपाल
देहरादून, 7 जुलाई। मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) की ओर से तैयार की जा रही देहरादून महायोजना-2041 को लेकर जनसुनवाई अभियान दूसरे दिन भी जारी रहा। मंगलवार को ग्राफिक एरा यूनिवर्सिटी परिसर में सेक्टर-02 के लिए आयोजित जनसुनवाई शिविर में स्थानीय नागरिकों, भू-स्वामियों और अन्य हितधारकों ने पहुंचकर अपनी आपत्तियां दर्ज कराईं तथा महायोजना को लेकर महत्वपूर्ण सुझाव दिए।
जनसुनवाई के दौरान नागरिकों ने भू-उपयोग, सड़क व्यवस्था, आवासीय एवं व्यावसायिक गतिविधियों, सार्वजनिक सुविधाओं और भविष्य की विकास आवश्यकताओं से जुड़े मुद्दे अधिकारियों के समक्ष रखे। एमडीडीए अधिकारियों ने सभी सुझावों और आपत्तियों का अभिलेखीकरण कर उनके तकनीकी एवं विधिक परीक्षण का भरोसा दिलाया।
एमडीडीए के अनुसार महायोजना-2041 को स्थानीय आवश्यकताओं के अनुरूप बनाने के लिए 6 से 21 जुलाई तक प्राधिकरण क्षेत्र के 12 सेक्टरों में जनसुनवाई शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। इसी क्रम में 8 जुलाई को सेक्टर-03 के लिए दून यूनिवर्सिटी परिसर में जनसुनवाई होगी, जिसमें नागरिक अपनी आपत्तियां एवं सुझाव प्रस्तुत कर सकेंगे।
एमडीडीए उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि देहरादून महायोजना-2041 राजधानी के भविष्य के विकास का महत्वपूर्ण दस्तावेज है। नागरिकों से प्राप्त सुझावों के आधार पर महायोजना को अधिक व्यावहारिक और प्रभावी बनाया जाएगा, ताकि विकास, पर्यावरण संरक्षण और नागरिक सुविधाओं के बीच संतुलन स्थापित हो सके।
एमडीडीए सचिव मोहन सिंह बर्निया ने कहा कि जनसुनवाई प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी तरीके से संचालित की जा रही है। प्राप्त सभी सुझावों और आपत्तियों का विधिवत परीक्षण कर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने नागरिकों से जनसुनवाई अभियान में सक्रिय भागीदारी की अपील की।
