हमारी चौपाल
देहरादून, 27 जुलाई। मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने अवैध निर्माणों के खिलाफ अभियान तेज करते हुए सोमवार को देहरादून और ऋषिकेश में दो अवैध निर्माणों पर सीलिंग की कार्रवाई की। प्राधिकरण ने साफ किया है कि बिना स्वीकृत मानचित्र और अनुमति के किए जा रहे किसी भी निर्माण को बख्शा नहीं जाएगा तथा भविष्य में भी ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
एमडीडीए की प्रवर्तन टीम ने सबसे पहले लेखक गांव-थानों मार्ग, देहरादून में नरेश शर्मा द्वारा बिना अनुमति किए जा रहे व्यावसायिक निर्माण को सील किया। जांच में पाया गया कि निर्माण कार्य प्राधिकरण की स्वीकृति के बिना किया जा रहा था। इसके बाद टीम ने भरत विहार, ऋषिकेश में भी बिना स्वीकृति किए जा रहे निर्माण पर कार्रवाई करते हुए उसे सील कर दिया।
प्राधिकरण के अनुसार, अवैध निर्माण मास्टर प्लान और भवन निर्माण मानकों का उल्लंघन करने के साथ-साथ भविष्य में यातायात, सुरक्षा और शहरी व्यवस्थाओं के लिए भी गंभीर चुनौती बनते हैं। इसी को देखते हुए नियमित निरीक्षण अभियान चलाकर ऐसे मामलों में त्वरित कार्रवाई की जा रही है।
कार्रवाई के दौरान सहायक अभियंता अभिषेक भारद्वाज, अवर अभियंता विक्रम सिंह, जयदीप, मनीष नौटियाल (सुपरवाइजर) तथा पुलिस बल मौजूद रहा।
एमडीडीए के उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि प्राधिकरण क्षेत्र में अवैध निर्माण के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। बिना स्वीकृत मानचित्र अथवा अनुमति के किसी भी प्रकार का निर्माण स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने लोगों से भवन निर्माण शुरू करने से पहले सभी आवश्यक स्वीकृतियां प्राप्त करने की अपील की।
एमडीडीए के सचिव मोहन सिंह बर्निया ने कहा कि प्रवर्तन टीम नियमित रूप से क्षेत्र का निरीक्षण कर रही है। जहां भी नियमों का उल्लंघन मिलेगा, वहां नियमानुसार सीलिंग और अन्य वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने नागरिकों से भवन निर्माण संबंधी सभी नियमों का पालन करने की अपील की।
