Hamarichoupal,06,05,2026
देहरादून, 6 जून। प्रदेश के उच्च शिक्षा एवं तकनीकी शिक्षा विभाग में शिक्षकों एवं शिक्षणेत्तर कर्मचारियों की सभी प्रकार की सम्बद्धताओं (अटैचमेंट) को समाप्त किया जाएगा। इसके साथ ही विभिन्न संस्थानों एवं विभागों में प्रतिनियुक्ति पर कार्यरत कार्मिकों की भी मूल तैनाती स्थलों पर वापसी सुनिश्चित की जाएगी। इस संबंध में विभागीय अधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी कर दिए गए हैं।
उच्च शिक्षा एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने बताया कि दोनों विभागों में बड़ी संख्या में शिक्षक एवं कर्मचारी अपने मूल तैनाती स्थलों के बजाय अन्य महाविद्यालयों, विश्वविद्यालयों तथा विभागों में सम्बद्ध अथवा प्रतिनियुक्ति पर कार्यरत हैं। इससे कई महाविद्यालयों एवं पॉलीटेक्निक संस्थानों में शैक्षणिक गतिविधियों के संचालन तथा प्रशासनिक व्यवस्थाओं पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है।
उन्होंने कहा कि विद्यालयी शिक्षा विभाग की तर्ज पर अब उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग में भी अटैचमेंट व्यवस्था को समाप्त किया जाएगा। इसके लिए अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि वार्षिक स्थानांतरण प्रक्रिया से पूर्व सभी प्रकार की सम्बद्धताओं को समाप्त करते हुए संबंधित शिक्षकों एवं कर्मचारियों को उनके मूल तैनाती स्थलों पर भेजा जाए।
मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य सभी शिक्षण संस्थानों में मानव संसाधनों का संतुलित एवं पारदर्शी उपयोग सुनिश्चित करना है, ताकि विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराया जा सके और संस्थानों की कार्यप्रणाली अधिक प्रभावी बन सके।
डॉ. रावत ने विभागीय अधिकारियों को प्रतिनियुक्ति पर गए कार्मिकों की समीक्षा कर आवश्यकतानुसार उन्हें शीघ्र उनके मूल तैनाती स्थलों पर वापस भेजने के निर्देश भी दिए हैं। उनके अनुसार इस व्यवस्था से शिक्षण संस्थानों में रिक्तियों और मानव संसाधन असंतुलन की समस्या को दूर करने में मदद मिलेगी तथा शैक्षणिक गुणवत्ता में सुधार आएगा।
