हमारी चपाल
देहरादून, 28 जुलाई।
सहसपुर के प्रेमनगर स्थित नंदा की चौकी के पास टोंस नदी पर बने पुल के क्षतिग्रस्त होने के बाद कांग्रेस ने राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता, प्रदेश उपाध्यक्ष एवं कोषाध्यक्ष आर्येंद्र शर्मा ने आरोप लगाया कि लगभग ₹16 करोड़ की लागत से हुए पुल के जीर्णोद्धार के बाद इसे जनता के लिए खोले जाने के महज 16 दिन के भीतर अप्रोच रोड का हिस्सा ढह जाना भ्रष्टाचार और घटिया निर्माण कार्य का प्रमाण है।
आर्येंद्र शर्मा ने कहा कि उन्होंने 7 जुलाई को निर्माणाधीन पुल का निरीक्षण कर गुणवत्ता संबंधी गंभीर अनियमितताओं की ओर सरकार और प्रशासन का ध्यान आकर्षित किया था, लेकिन उनकी चेतावनी को नजरअंदाज कर जल्दबाजी में 12 जुलाई को पुल जनता के लिए खोल दिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने गुणवत्ता से समझौता किया, जिसका खामियाजा अब क्षेत्र की जनता भुगत रही है।
उन्होंने कहा कि पुल क्षतिग्रस्त होने से सहसपुर क्षेत्र का आवागमन प्रभावित हुआ है। विद्यार्थियों, नौकरीपेशा लोगों और स्थानीय नागरिकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है तथा जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है।
कांग्रेस नेता ने सरकार से सवाल किया कि ₹16 करोड़ खर्च होने के बावजूद पुल 16 दिन भी क्यों नहीं टिक पाया, निर्माण कार्य की गुणवत्ता की निगरानी किसने की और घटिया निर्माण के लिए जिम्मेदार अधिकारियों व ठेकेदारों पर क्या कार्रवाई होगी। उन्होंने कहा कि जनता के टैक्स के पैसे की बर्बादी के लिए जिम्मेदार लोगों की जवाबदेही तय की जानी चाहिए।
आर्येंद्र शर्मा ने आरोप लगाया कि यह घटना धामी सरकार के विकास मॉडल की विफलता का उदाहरण है और भ्रष्टाचार तथा लापरवाही की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।
