देहरादून। खुद को न्यूज प्लेटफॉर्म का संचालक बताकर प्रॉपर्टी कारोबारी को कथित तौर पर ब्लैकमेल करने और झूठी खबर प्रसारित करने की धमकी देकर पांच लाख रुपये मांगने के मामले में देहरादून पुलिस ने आरोपी अनुज अग्रवाल को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने शिकायतकर्ता से डराकर 50 हजार रुपये अपने बैंक खाते में जमा कराए थे। गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने उसके कब्जे से तीन मोबाइल फोन और एक डायरी बरामद की। डायरी में मोबाइल छिपाने के लिए बनाया गया गुप्त खांचा भी मिला है। पुलिस का दावा है कि आरोपी के मोबाइल से कई व्यक्तियों के गोपनीय रूप से बनाए गए वीडियो मिले हैं, जिनकी जांच की जा रही है।
पुलिस के अनुसार, 19 अक्टूबर को आजाद कॉलोनी, माजरा निवासी तनवीर खान ने पटेलनगर कोतवाली में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायतकर्ता ने बताया कि वह कई वर्षों से देहरादून में प्रॉपर्टी का कारोबार कर रहे हैं और चांचक क्षेत्र की एक संपत्ति को लेकर कुछ लोगों से उनका विवाद चल रहा है। इसी बीच एक अज्ञात नंबर से उनके मोबाइल पर कई बार व्हाट्सएप कॉल आईं। बाद में फोन करने वाले व्यक्ति ने खुद को एक न्यूज प्लेटफॉर्म का संचालक बताया और संपत्ति से जुड़े मामले में संपर्क करने की बात कही।
आरोप है कि बातचीत के दौरान आरोपी ने शिकायतकर्ता को धमकी दी कि उसके पास संपत्ति से संबंधित खबरें हैं, जिन्हें न्यूज प्लेटफॉर्म पर प्रसारित कर वह उन्हें परेशानी में डाल सकता है और बर्बाद कर सकता है। खबरें प्रसारित नहीं करने के एवज में उसने पांच लाख रुपये की मांग की। धमकी से डरकर शिकायतकर्ता ने आरोपी के बताए एक्सिस बैंक खाते में 50 हजार रुपये जमा करा दिए। इसके बाद शेष रकम नहीं देने पर आरोपी ने कथित तौर पर गाली-गलौज की और गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी।
शिकायत के साथ व्हाट्सएप चैट के स्क्रीनशॉट और बैंक खाते में रकम जमा करने के साक्ष्य भी पुलिस को उपलब्ध कराए गए। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर टीम गठित की गई। पुलिस ने उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आरोपी की पहचान अनुज अग्रवाल के रूप में की। इसके बाद 19 अक्टूबर की रात उसे पटेलनगर क्षेत्र में आईएसबीटी के पास से गिरफ्तार कर लिया गया।
डायरी में मिला मोबाइल छिपाने का गुप्त खांचा
पुलिस के मुताबिक, आरोपी के पास से बरामद डायरी में मोबाइल फोन छिपाने के लिए विशेष गुप्त खांचा बनाया गया था। आरोप है कि इस खांचे में मोबाइल छिपाकर लोगों के वीडियो गोपनीय रूप से बनाए जाते थे। आरोपी के मोबाइल फोन में कई व्यक्तियों के ऐसे वीडियो मिलने की बात भी पुलिस ने कही है। इन वीडियो की प्रकृति, उन्हें बनाने के उद्देश्य और उनसे जुड़े अन्य तथ्यों की जांच की जा रही है।
कई राज्यों में दर्ज हैं मुकदमे
पुलिस ने आरोपी की पहचान अनुज अग्रवाल (46), निवासी द्वारिकापुरी, क्लेमेंटटाउन, देहरादून के रूप में की है। पुलिस के अनुसार, वह पटेलनगर कोतवाली का हिस्ट्रीशीटर है। उसके विरुद्ध पहले भी धोखाधड़ी, मारपीट, अमानत में खयानत, बलवा तथा गुंडा और गैंगस्टर अधिनियम सहित विभिन्न मामलों में मुकदमे दर्ज हैं।
पुलिस द्वारा उपलब्ध कराई गई जानकारी के अनुसार, आरोपी के खिलाफ मध्य प्रदेश में चार, पंजाब में एक, ओडिशा में एक और गुजरात में एक मुकदमा दर्ज होने की जानकारी भी सामने आई है। संबंधित राज्यों से इन मामलों के संबंध में जानकारी जुटाई जा रही है।
पटेलनगर कोतवाली में आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धाराओं 308(2), 308(4), 351(3) और 352 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
देहरादून :झूठी खबर चलाने की धमकी देकर मांगे पांच लाख, 50 हजार रुपये ऐंठने का आरोप; आरोपी गिरफ्तार
डायरी के गुप्त खांचे में मोबाइल छिपाकर लोगों के वीडियो बनाने का भी खुलासा, तीन मोबाइल और डायरी बरामद
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