हमारी चौपाल
रामनगर, 5 जुलाई। मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने रविवार को राष्ट्रीय राजमार्ग-309 पर धनगढ़ी नाले के ऊपर 29.65 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित 220.90 मीटर लंबे प्री-स्ट्रेस्ड गर्डर धनगढ़ी सेतु का लोकार्पण किया। मुख्यमंत्री ने इसे प्रदेश की महत्वपूर्ण आधारभूत संरचना परियोजना बताते हुए कहा कि यह पुल कुमाऊँ और गढ़वाल मंडलों के बीच आवागमन को वर्षभर सुरक्षित और निर्बाध बनाएगा।
धनगढ़ी सेतु काशीपुर-रामनगर-मार्चुला-बुवाखाल मार्ग पर स्थित है, जो जिम कॉर्बेट राष्ट्रीय उद्यान का प्रमुख प्रवेश मार्ग होने के साथ नैनीताल, अल्मोड़ा, बागेश्वर, पिथौरागढ़, चम्पावत और पौड़ी गढ़वाल सहित कई जिलों को जोड़ता है। बरसात के दौरान धनगढ़ी नाले में जलस्तर बढ़ने से यह मार्ग अक्सर बंद हो जाता था, जिससे आमजन, पर्यटकों और आपातकालीन सेवाओं को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता था। नए पुल के निर्माण से इस समस्या का स्थायी समाधान हो गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह केवल एक पुल का उद्घाटन नहीं, बल्कि क्षेत्रवासियों की वर्षों पुरानी मांग पूरी होने का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार सेवा, सुशासन और विकास के संकल्प के साथ प्रदेश में सड़क, पुल, स्वास्थ्य, शिक्षा, पर्यटन और सीमांत क्षेत्रों के विकास पर तेजी से कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार की कार्यसंस्कृति “सरलीकरण, समाधान, निस्तारण और संतुष्टि” पर आधारित है तथा योजनाओं को समयबद्ध तरीके से पूरा कर जनता को समर्पित किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि धनगढ़ी सेतु के निकट 18.43 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित 175.60 मीटर लंबे पनौद पुल का निर्माण भी अंतिम चरण में है। वर्तमान में इस पुल पर यातायात शुरू हो चुका है और डामरीकरण का कार्य पूरा होने के बाद जल्द ही इसका भी लोकार्पण किया जाएगा।
केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग राज्य मंत्री अजय टम्टा ने कहा कि धनगढ़ी सेतु के निर्माण से वर्षभर सुरक्षित यातायात सुनिश्चित होगा। इससे व्यापार, कृषि, पर्यटन, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं को नई गति मिलेगी तथा चारधाम यात्रियों और जिम कॉर्बेट आने वाले पर्यटकों को भी सीधा लाभ मिलेगा।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने गर्जिया देवी मंदिर में पूजा-अर्चना कर प्रदेश की सुख-समृद्धि की कामना की तथा धनगढ़ी सेतु का पैदल निरीक्षण भी किया। इस अवसर पर क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों, वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।
