हमारी चौपाल
ऋषिकेश रेनू शर्मा की रिपोर्ट
ऋषिकेश, 4 जुलाई। आईडीपीएल ग्राउंड, ऋषिकेश में शनिवार को आयोजित “सेवा पखवाड़ा” कार्यक्रम में राज्यपाल गुरमीत सिंह और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रतिभाग किया। कार्यक्रम में 20 हजार से अधिक लोगों की सहभागिता रही, जबकि 3,500 से अधिक लोगों को विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ मिला।
सेवा पखवाड़ा के तहत आयोजित बहुउद्देशीय शिविर में देहरादून, हरिद्वार और टिहरी के विभिन्न विभागों ने संयुक्त रूप से सेवाएं प्रदान कीं। शिविर में आमजन की समस्याओं का मौके पर समाधान किया गया तथा पात्र लाभार्थियों को सरकारी योजनाओं का लाभ उपलब्ध कराया गया। विभिन्न विभागों के स्टॉलों पर नागरिकों को योजनाओं की जानकारी देने के साथ-साथ ऑन-द-स्पॉट लाभ भी प्रदान किया गया।
विशाल स्वास्थ्य शिविर में 1,009 मरीजों की विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा जांच एवं उपचार किया गया। इनमें 212 हड्डी रोगी, 70 स्त्री रोगी तथा 81 नेत्र, नाक एवं कान रोगी शामिल रहे। 13 बच्चों का टीकाकरण किया गया, 15 आयुष्मान कार्ड और 20 आभा कार्ड बनाए गए। शिविर में 95 एक्स-रे, 70 रक्त जांचें तथा आयुष विभाग द्वारा 310 लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण कर निःशुल्क औषधियों का वितरण किया गया। साथ ही 23 दिव्यांग प्रमाण-पत्रों का ऑनलाइन पंजीकरण भी किया गया।
समाज कल्याण विभाग ने विधवा, वृद्धावस्था और दिव्यांग श्रेणी के 75 लाभार्थियों की पेंशन स्वीकृत की तथा 10 यूडीआईडी कार्ड जारी किए। इसके अलावा 280 दिव्यांगजनों को सहायक उपकरण वितरित किए गए। कृषि, उद्यान, उद्योग, डेयरी, मत्स्य, रेशम, पशुपालन और लीड बैंक सहित विभिन्न विभागों ने 1,200 से अधिक लाभार्थियों को योजनाओं का लाभ प्रदान किया।
कार्यक्रम के दौरान राज्यपाल और मुख्यमंत्री ने उत्कृष्ट कार्य करने वाले स्वयं सहायता समूहों, लघु उद्योगों तथा विभिन्न विभागों के लाभार्थियों को सम्मानित किया। सहकारिता विभाग के पांच स्वयं सहायता समूहों को उत्कृष्ट कार्य के लिए प्रत्येक को पांच लाख रुपये की पुरस्कार राशि प्रदान की गई।
कौशल विकास एवं सेवायोजन विभाग के माध्यम से प्रशिक्षण प्राप्त करने के बाद अल्मोड़ा, देहरादून और टिहरी के तीन युवाओं के जापान में लगभग एक लाख रुपये प्रतिमाह के पैकेज पर चयन होने पर उन्हें भी सम्मानित किया गया। इसके अलावा मत्स्य, उद्यान, उद्योग और डेयरी विभाग के उत्कृष्ट लाभार्थियों को भी सम्मानित किया गया।
