हमारी चौपाल
देहरादून, 29 जुलाई। प्रदेश कांग्रेस के प्रदेश उपाध्यक्ष एवं कोषाध्यक्ष आर्येंद्र शर्मा ने देहरादून-हिमाचल मार्ग पर नंदा की चौकी स्थित टौंस नदी पुल की क्षतिग्रस्त एप्रोच रोड की मरम्मत को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि मरम्मत कार्य में भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI), सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) और इंडियन रोड्स कांग्रेस (IRC) के निर्धारित तकनीकी मानकों का पालन नहीं किया गया।

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आर्येंद्र शर्मा ने कहा कि बाढ़ अथवा नदी कटाव से क्षतिग्रस्त एप्रोच रोड की मरम्मत केवल मिट्टी भरकर नहीं की जा सकती। उनके अनुसार मरम्मत से पहले तकनीकी निरीक्षण, एम्बैंकमेंट का पुनर्निर्माण, परतवार कम्पैक्शन, ढलान सुरक्षा, समुचित ड्रेनेज व्यवस्था और गुणवत्ता परीक्षण जैसे सभी मानकों का पालन आवश्यक है।

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उन्होंने आरोप लगाया कि जल्दबाजी में केवल मिट्टी भरकर सड़क को यातायात के लिए खोल दिया गया, जिससे भविष्य में सड़क धंसने, दोबारा कटाव और दुर्घटनाओं का खतरा बना रह सकता है।
कांग्रेस नेता ने पूरे मामले की स्वतंत्र तकनीकी विशेषज्ञ समिति से जांच कराने, संयुक्त निरीक्षण की तकनीकी रिपोर्ट सार्वजनिक करने तथा निर्माण कार्य की निष्पक्ष जांच कर दोषी अधिकारियों एवं संबंधित एजेंसियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। उन्होंने कहा कि देहरादून और हिमाचल प्रदेश को जोड़ने वाले इस महत्वपूर्ण मार्ग पर जनता की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए और तकनीकी मानकों से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जा सकता।
