देहरादून,22,02,2026
देहरादून: प्रेमनगर स्थित श्मशान घाट का टौंस नदी से लगता हुआ चार सौ मीटर पुश्ता पिछले वर्ष अगस्त सितंबर में आई आपदा की बाढ़ में बह जाने से श्मशान के अस्तित्व को खतरा पैदा हो गया है और अगर आने वाली बरसात से पहले बाढ़ सुरक्षा के प्रबंध नहीं किए गए तो श्मशान घाट में भारी नुकसान की संभावना है यह बात प्रदेश कांग्रेस कमेटी के वरिष्ठ उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना ने आज प्रेमनगर स्वर्गाश्रम श्मशान घाट भूमि प्रबंधक समिति के पदाधिकारियों के साथ जिलाधिकारी देहरादून से मुलाकात के दौरान कही।
उन्होंने जिलाधिकारी से कहा कि पिछले वर्ष अगस्त सितंबर में हुई भारी बारिश के कारण प्रेमनगर में टौंस नदी का पुल गिर गया और उसी दौरान प्रेमनगर स्थित श्मशान घाट जिसका टौंस नदी से लगता पुश्ता भी बह गया। श्री धस्माना ने जिलाधिकारी को बताया कि कैंट विधानसभा क्षेत्र के अलावा पछवादून की सहसपुर विधानसभा के लोग यहां दाहसंस्कार के लिए आते हैं और यह शहर का सबसे व्यवस्थित व साफ सुथरा श्मशान घाट है।
उन्होंने जिलाधिकारी से आग्रह किया कि मुख्य श्मशान के साथ ही बच्चों के लिए बने श्मशान घाट में बाउंड्रीवॉल ना होने के कारण जंगली जानवर घुस कर दफन छोटे बच्चों के शवों को खोद देते हैं इसलिए इस भूमि का बहिनामा व बाउंड्रीवाल करवाना भी आवश्यक है।
जिलाधिकारी सविन बंसल ने अतिरिक्त जिलाधिकारी वित्त प्रशाशन को अधिशाषी अभियंता सिंचाई से टौंस नदी का पुश्ते का आगणन तैयार करने के निर्देश दिए।
