देहरादून,26,12,2025
देहरादून। भाजपा नेता दुष्यंत कुमार गौतम द्वारा उत्तराखंड के गृह सचिव को लिखे गए उस पत्र पर राजनीतिक विवाद गहराता जा रहा है, जिसमें उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म और समाचार चैनलों से उनसे जुड़े प्रश्नों वाली सामग्री को तत्काल हटाने तथा उसके प्रसारण या प्रसार पर प्रतिबंध लगाने की मांग की है।
कांग्रेस नेता अमरजीत सिंह ने इस रवैये को “पूर्णतः अनुचित और लोकतंत्र के विरुद्ध” बताते हुए कहा कि भाजपा नेताओं को सवालों से भागने के बजाय, आरोपों की जांच में सहयोग कर जनता के बीच स्पष्ट जवाब देना चाहिए। उन्होंने कहा कि भाजपा लगातार सोशल मीडिया पर एडिटेड वीडियो के माध्यम से विपक्ष पर झूठा प्रचार कर रही है, लेकिन जब सवाल खुद से जुड़े होते हैं तो सवाल पूछने वालों और स्वतंत्र मीडिया पर ही दबाव बनाया जाता है।
अमरजीत सिंह ने कहा कि भाजपा के वरिष्ठ नेता दुष्यंत कुमार गौतम, जो स्वयं को सामाजिक और राजनीतिक कार्यकर्ता बताते हैं, उन्हें अंकिता भंडारी प्रकरण में अपने ऊपर लगे आरोपों की निष्पक्ष जांच में सहयोग करना चाहिए। उन्होंने कहा कि सत्ता के मद में इस तरह की कार्रवाई लोकतांत्रिक आवाज को नहीं दबा पाएगी, क्योंकि उत्तराखंड की जनता अब सच्चाई जानना चाहती है।
उन्होंने आगे कहा कि गृह सचिव को दुष्यंत गौतम के पत्र पर ध्यान देने के बजाय “अंकिता भंडारी मामले की सीबीआई जांच की संस्तुति मुख्यमंत्री के समक्ष रखनी चाहिए”। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल भी पहले ही इस मामले में सर्वोच्च न्यायालय के न्यायाधीश की निगरानी में सीबीआई जांच की मांग कर चुके हैं, ताकि सच्चाई सामने आ सके और जनता का भरोसा न्याय प्रणाली पर कायम रहे।
